चिकित्सीय लेखन (अभिव्यंजनात्मक लेखन)
चिकित्सीय लेखन सबसे प्रलेखित संक्षिप्त मनोवैज्ञानिक हस्तक्षेपों में से एक है: पेनीबेकर का हस्ताक्षर प्रोटोकॉल है चार लगातार दिनों तक बीस मिनट के लिए अपने जीवन की सबसे विचलित करने वाली घटना के बारे में लिखना, बिना किसी औपचारिक बाधा के, तथ्यों, भावनाओं और अर्थों की खोज करना। इसका पहला सिद्धांत है सक्रिय अवरोध का एक मनोशारीरिक बोझ के रूप में: आवेशित अनुभव को शब्दों में न पिरोना एक हानिकारक दीर्घकालिक स्वायत्त सक्रियता बनाए रखेगा। मानकीकरणीय और मापन योग्य, यह विधि सभी नोसोग्राफिक श्रेणियों (ऑन्कोलॉजी, शोक, व्यसन, जराचिकित्सा, कारागार सेटिंग) में व्याप्त है। यह इरा प्रोगॉफ की गहन पत्रिका जैसी पूर्व परंपराओं का विस्तार करती है।
| कोड | TI74 |
|---|---|
| नाम (HI) | चिकित्सीय लेखन (अभिव्यंजनात्मक लेखन) |
| फ़्रेंच नाम | Écriture Thérapeutique (Expressive Writing) |
| संक्षिप्त नाम (FR) | ET |
| संस्थापक | James W. Pennebaker (avec Sandra Beall, 1986) ; précurseur Ira Progoff (Intensive Journal, 1975) |
| वर्ष | 1986 (étude fondatrice de Pennebaker & Beall) |
| स्कूल / लहर | Arts-thérapies / médiation par l'écriture ; psychologie de la santé, intervention brève standardisée |
| स्रोत खंड | Mémento des Psychothérapies का खंड 6 |
इस चिकित्सा का विस्तृत विवरण (सिद्धांत, संकेत, प्रोटोकॉल, प्रमाण का स्तर) Mémento des Psychothérapies के खंड 6 में दिया गया है। खंड देखें।